बीसीसीआई का बड़ा फैसला: शुभमन गिल को टेस्ट कप्तानी सौंपी गई, जानें कप्तान बनाने के पीछे की 5 बड़ी वजहें

भारतीय क्रिकेट इतिहास में शुभमन गिल 37वें टेस्ट कप्तान बने हैं. उनके अलावा कप्तानी की रेस में जसप्रीत बुमराह और केएल राहुल जैसे अनुभवी खिलाड़ी भी मौजूद थे, लेकिन गिल के नाम पर मुहर लगी. जानिए इसके पीछे की पांच बड़ी वजहें.

अगले महीने यानी जून में टीम इंडिया को इंग्लैंड का दौरा करना है. इस सीरीज में 5 टेस्ट मैच होंगे. ये दौरा भारतीय क्रिकेट में बड़े बदलाव की शुरुआत है. इस दौरे के लिए एक नई टीम जा रही है. शुभमन गिल कप्तान चुने गए हैं. उन्होंने रोहित शर्मा की जगह ली है. गिल की कप्तानी में युवा खिलाड़ियों को मौका मिला है. जसप्रीत बुमराह, रवींद्र जडेजा और केएल राहुल के अलावा कोई सीनियर खिलाड़ी नजर नहीं आ रहा. इस टूर के लिए कप्तानी की रेस में काफी नाम थे, लेकिन गिल बाजी मार गए.

टीम का ऐलान करने आए चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर ने प्रेस कॉन्फ्रैंस में गिल को कप्तानी दिए जाने पर बड़ी बात कही. अगरकर के मुताबिक सेलेक्टर्स ने भविष्य की योजना को ध्यान में रखते हुए गिल को यह बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है. आइए जानते हैं गिल को कप्तान बनाए जाने की 5 वजहें कौन-कौन हैं.

शुभमन गिल के कप्तान बनने की 5 बड़ी वजहें

  1. लंबी रेस का घोड़ा हैं शुभमन गिल

दाएं हाथ के स्टार बैटर शुभमन गिल टीम इंडिया के फ्यूचर हैं. वो लंबे समय तक कप्तानी कर सकते हैं. बीसीसीआई को एक ऐसे ही खिलाड़ी की तलाश थी, जो कई सालों तक भारतीय क्रिकेट को आगे ले जा सकते. गिल इसके लिए सबसे बढ़िया विकल्प थे. अभी उनकी उम्र 25 साल है. इतनी कम उम्र में ही गिल ने तीनों फॉर्मेट में जलवा दिखाया है. खास बात ये है कि गिल भारत के चौथे सबसे युवा टेस्ट कप्तान बने हैं.

  1. फिट और हिट

शुभमन गिल का चोटों से कोई वास्ता नहीं हैं. ये खिलाड़ी काफी फिट है और अपनी फिटनेस पर लगातार काम करता है. ऐसा बहुत कम हुआ है कि गिल किसी सीरीज में चोटिल हुए हैं. विराट कोहली की ही तरह गिल ने फिटनेस पर काफी काम किया है. टेस्ट में फिटनेस काफी मायने रखी है. फिटनेस-चोटों की समस्या के चलते ही गेंदबाज जसप्रीत बुमराह इंग्लैंड दौरे पर सभी मैच नहीं खेल सकते हैं, इसी वजह से वो कप्तानी की रेस में भी पिछड़ गए.

  1. कप्तानी के साथ बल्लेबाजी में भी हिट

शुभमन गिल के पास कप्तानी के साथ-साथ बढ़िया बैटिंग करने की क्षमता है. वो एक साथ दो जिम्मेदारियां संभाल सकते हैं. आईपीएल 2025 में वो इस रोल को बखूबी निभआ भी रहे हैं. गुजरात टाइटंस की कप्तानी करते हुए उन्होंने इस सीजन कमाल की बैटिंग की है. 13 मैचों में गिल 57.81 की औसत से 636 रन बना चुके हैं. इसमें 6 अर्धशतक शामिल है.
उनकी टीम प्वाइंट टेबल में नंबर 1 पर है.

  1. विराट कोहली के बढ़िया विकल्प हैं

शुभमन गिल टेस्ट में नंबर 4 की जगह लेने के लिए तैयार हैं. ये विराट कोहली का नंबर है, जिस पर उन्होंने 12 साल तक खेला. अब गिल उनके उत्तराधिकारी माने जा रहे हैं. कई क्रिकेट दिग्गज भी कह चुके हैं कि नंबर 4 पर गिल बढ़िया खेल सकते हैं. विराट कोहली के टेस्ट रिटायरमेंट के बाद ये जगह खाली हुई है.

  1. गंभीर ने लगाया पूरा जोर?

इंग्लैंड दौरे पर चुनी गई भारतीय टीम के चयन में हेड कोच गौतम गंभीर का अहम रोल रहा. उन्होंने बीसीसीआई के अधिकारियों से काफी बातचीत की. उसी के आधार पर टीम चुनी गई है. शुभमन गिल को टेस्ट टीम का कप्तान बनाने में भी गंभीर का बड़ा हाथ माना जा रहा है. गंभीर युवाओं से सजी टीम बनाना चाहते थे इसलिए उन्होंने कप्तानी के लिए गिल के नाम पर सभी को राजी किया. मीडिया रिपोर्ट की मानें तो गिल को कप्तान बनाने के लिए गंभीर ने ही पूरे पैनल को मनाया.

कैसा है शुभमन गिल का टेस्ट करियर?

शुभमन गिल ने 2021 में टेस्ट डेब्यू किया था. तब से लेकर अब तक वो 32 टेस्ट मैचों में 1,893 रन बन चुके हैं, जिसमें 5 शतक शामिल हैं. इससे पहले गिल वनडे और टी20 फॉर्मेट में उपकप्तान की भूमिका भी अदा कर चुके हैं. चैंपियंस ट्रॉफी 2025 का खिताब जीतने वाली टीम इंडिया का गिल अहम हिस्सा थे. उन्होंने अपनी कप्तानी में जिम्बाब्वे दौरे पर टीम इंडिया को टी20 सीरीज भी जिताई थी.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *