बिलासपुर में ACB का बड़ा ट्रैप: 90 हजार की रिश्वत लेते फूड इंस्पेक्टर रंगे हाथ गिरफ्तार

ACB ट्रैप कार्रवाई


छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है। ACB ट्रैप कार्रवाई के तहत मस्तूरी क्षेत्र के फूड इंस्पेक्टर श्याम वस्त्रकार को 90,000 रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई Anti Corruption Bureau (एसीबी) / आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने की।

यह इस साल बिलासपुर में एसीबी की लगातार चौथी ट्रैप कार्रवाई बताई जा रही है, जिससे सरकारी महकमे में हड़कंप मच गया है।


क्या है पूरा मामला?

ग्राम विद्याडीह निवासी महेंद्र पटेल ने 3 फरवरी को एसीबी बिलासपुर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार:

  • गांव की शासकीय उचित मूल्य की दुकान को शैल स्व सहायता समूह, विद्याडीह को आवंटित करने के लिए आवेदन एसडीएम मस्तूरी के पास लंबित था।
  • फूड इंस्पेक्टर श्याम वस्त्रकार ने दुकान आवंटन आदेश दिलाने के एवज में 1 लाख रुपए की रिश्वत मांगी।
  • प्रार्थी ने एसीबी से संपर्क कर ट्रैप कार्रवाई की मांग की।

शिकायत का सत्यापन करने के बाद एसीबी ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया।


कैसे हुई गिरफ्तारी?

एसीबी टीम ने तय योजना के अनुसार 90,000 रुपए की राशि आरोपी को दिलवाई।

  • स्थान: महावीर सिटी, बिलासपुर स्थित आरोपी का आवास
  • रकम: 90,000 रुपए
  • स्थिति: रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा गया
  • बरामदगी: पूरी राशि जब्त

टीम ने मौके पर ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज किया गया।


घर पर सर्च अभियान जारी

गिरफ्तारी के बाद एसीबी ने आरोपी के घर पर तलाशी अभियान भी शुरू कर दिया है। अधिकारियों के अनुसार, आय से अधिक संपत्ति या अन्य दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है।


पहले भी हो चुकी हैं कार्रवाई

एसीबी बिलासपुर इस वर्ष पहले भी कई ट्रैप ऑपरेशन कर चुकी है। इनमें शामिल हैं:

  • तहसीलदार
  • पटवारी
  • एसडीएम कार्यालय का बाबू
  • Chhattisgarh State Power Distribution Company Limited (CSPDCL) के अधिकारी और कर्मचारी

लगातार हो रही कार्रवाइयों से साफ है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त निगरानी रखी जा रही है।


जनता से अपील

एसीबी अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई भी सरकारी अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत की मांग करता है, तो तुरंत एसीबी बिलासपुर को सूचित करें।

एसीबी की कार्रवाई का संदेश:

  • सरकारी दफ्तरों में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं
  • शिकायत मिलने पर तुरंत ट्रैप ऑपरेशन
  • पारदर्शिता और जवाबदेही पर जोर
  • जनभागीदारी से भ्रष्टाचार पर नियंत्रण

क्यों महत्वपूर्ण है यह कार्रवाई?

यह गिरफ्तारी न केवल एक अधिकारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई है, बल्कि पूरे सिस्टम के लिए चेतावनी भी है।

ACB ट्रैप कार्रवाई ने यह स्पष्ट कर दिया है कि सरकारी पद का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। बिलासपुर में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहा यह अभियान आगे भी जारी रहेगा, जिससे प्रशासनिक तंत्र में पारदर्शिता और विश्वास मजबूत हो सके।

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