फुले-नकुल-अम्बेडकर जयंती मेला महोत्सव
मुख्यमंत्री को मिला फुले-नकुल-अम्बेडकर जयंती मेला महोत्सव का आमंत्रण
14 अप्रैल को महासमुंद जिले के बसना में आयोजित होने वाला फुले-नकुल-अम्बेडकर जयंती मेला महोत्सव छत्तीसगढ़ के समाज में जागरूकता और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने का महत्वपूर्ण अवसर बन सकता है। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है।
प्रतिनिधिमंडल ने किया सौजन्य मुलाकात
छत्तीसगढ़ विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय कक्ष में, सर्व अनुसूचित जाति-जनजाति और अन्य पिछड़ा समाज छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान, उन्होंने मुख्यमंत्री को फुले-नकुल-अम्बेडकर जयंती मेला महोत्सव में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया।
मुख्यमंत्री साय ने जताया आभार
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रतिनिधिमंडल का धन्यवाद किया और कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएँ दीं। उनका मानना था कि महापुरुषों की जयंती के अवसर पर आयोजित इस तरह के आयोजन समाज में जागरूकता और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देते हैं।
विधायक सम्पत अग्रवाल की उपस्थिति
इस महत्वपूर्ण मुलाकात के दौरान, बसना विधायक सम्पत अग्रवाल भी उपस्थित थे। उनकी उपस्थिति ने कार्यक्रम को और भी प्रभावशाली बना दिया और यह संकेत दिया कि इस आयोजन में स्थानीय नेताओं का भी पूरा समर्थन है।
फुले-नकुल-अम्बेडकर जयंती मेला महोत्सव का महत्व
- समाज में जागरूकता: इस तरह के आयोजनों का उद्देश्य समाज के हर वर्ग में जागरूकता फैलाना और विभिन्न समाजों के बीच बेहतर समझ और सहयोग की भावना उत्पन्न करना है।
- सामाजिक समरसता: महापुरुषों की जयंती के माध्यम से सामाजिक समरसता को बढ़ावा देना और पिछड़े वर्गों की स्थिति में सुधार की दिशा में कदम उठाना।
- सशक्त समाज निर्माण: इस आयोजन से छत्तीसगढ़ के सामाजिक ताने-बाने को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
समापन
फुले-नकुल-अम्बेडकर जयंती मेला महोत्सव केवल एक समारोह नहीं, बल्कि यह समाज में समानता, समरसता और जागरूकता को बढ़ावा देने का एक अद्भुत अवसर है। मुख्यमंत्री का इस महोत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होना छत्तीसगढ़ के लिए गर्व की बात है, और इससे समाज में सकारात्मक बदलाव की उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं।