नवरंगपुर / रायघर — रायघर कदभोता कालीबाड़ी मंदिर प्रांगण इस वर्ष भक्ति, संगीत और नृत्य से सराबोर रहा। नवरात्रि और कालीपूजा के शुभ अवसर पर आयोजित इस भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम ने स्थानीय लोगों के साथ-साथ पड़ोसी क्षेत्रों से आए भक्तों का मन मोह लिया। पूरे मंदिर परिसर में भक्ति रस और उल्लास का ऐसा संगम देखने को मिला जो लंबे समय तक याद रहेगा।
इस अवसर पर मंदिर परिसर में शाम की आरती, महिलाओं द्वारा डांडिया नृत्य, बच्चों की मनमोहक प्रस्तुतियाँ और छत्तीसगढ़ से आए प्रसिद्ध “शहीद आरिफ ऑर्केस्ट्रा पार्टी” की शानदार प्रस्तुति ने कार्यक्रम को अविस्मरणीय बना दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई, जिसे कालीबाड़ी मंदिर के स्थायी अध्यक्ष अंजन कांती बाला, अस्थायी पूजा समिति के अध्यक्ष एवं अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने संयुक्त रूप से किया। दीप प्रज्वलन के साथ ही वातावरण “जय काली मां की” के उद्घोष से गूंज उठा।
इसके बाद शहीद आरिफ और यास्मिन मैडम ने अपनी मधुर आवाज़ में भक्ति गीत प्रस्तुत किया, जिसने उपस्थित भक्तों के हृदय को छू लिया। गीत समाप्त होते ही तालियों की गड़गड़ाहट से पूरा प्रांगण गूंज उठा। उनके सुरों में भक्ति और भावना की गहराई ने हर किसी को मंत्रमुग्ध कर दिया।
ऑर्केस्ट्रा टीम में प्रमुख कलाकारों में थे —
🎤 गायक एवं निर्देशक शहीद आरिफ, छत्तीसगढ़ फिल्म जगत के प्रसिद्ध कलाकार।
🎶 संगत में यास्मिन मैडम, विशाल।
🎹 वाद्य यंत्रों में ऑर्गन पर राजा हाइन, गिटार पर सोनू, ढोलक पर रोशनी।
💃 डांसर के रूप में सुमन और सुनीता ने मंच पर अपनी ऊर्जावान प्रस्तुति से सबका दिल जीत लिया।
🔊 साउंड सिस्टम का संचालन रोहित कुमार और पोषण निषाद द्वारा किया गया।
रात भर चले इस कार्यक्रम में उपस्थित जनसमुदाय ने गीतों की ताल पर झूमते हुए भरपूर आनंद लिया। बच्चे, युवा और महिलाएँ सभी भक्तिरस में डूबे हुए नजर आए।
स्थानीय नागरिकों ने कहा कि इस तरह के सांस्कृतिक आयोजन न केवल धार्मिक भावना को प्रबल करते हैं बल्कि समाज में एकता और आपसी सौहार्द का संदेश भी देते हैं।
कालीबाड़ी प्रांगण की इस भव्य रात ने सभी को भक्ति, संगीत और संस्कृति के इस सुंदर संगम का अनुभव कराया — जो आने वाले वर्षों के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा।
(संवाददाता : नवरंगपुर से रसिक सरकार, कांकेर एक्सप्रेस)