बिहार के बेगूसराय में पूर्व विधायक का बेटा साइबर किडनैपिंग (cyber kidnapping) का शिकार हो गया. इसके बाद जब परिजनों को कुछ शक हुआ तो पुलिस को खबर दी. करीब 8 घंटे तक साइबर क्रिमिनल्स के चंगुल में रहने के बाद पुलिस ने पूर्व विधायक के बेटे को ढूंढ निकाला. पुलिस का कहना है कि पूर्व विधायक के बेटे को एक होटल से बरामद किया गया, जहां साइबर अपराधियों ने उन्हें डर और धमकी के जरिए बंधक बना रखा था.
जानकारी के अनुसार, बेगूसराय के मटिहानी विधानसभा क्षेत्र के पूर्व बाहुबली विधायक नरेन्द्र कुमार सिंह उर्फ बोगो सिंह के बेटे सुमन सौरव स्कूल चलाते हैं. उनका 13 सितंबर को साइबर अपराधियों ने डिजिटल अपहरण कर लिया. सुमन जब दोपहर 1 बजे स्कूल से खाना खाने घर नहीं पहुंचे तो परिजनों ने उन्हें कॉल किया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला. इसके बाद शाम 5 बजे के आसपास परिजनों को शक हुआ तो उन्होंने तुरंत सूचना पुलिस को दी.
सूचना मिलते ही बेगूसराय पुलिस हरकत में आई. एसपी मनीष के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सुमन सौरव का फोन लोकेशन ट्रैक किया. इसके बाद रात करीब 10 बजे उन्हें हर हर महादेव चौक स्थित एक होटल से बरामद कर लिया गया.
डीएसपी भास्कर रंजन ने बताया कि साइबर अपराधियों ने सुमन सौरव को फोन कर कहा था कि उनके एक कोरियर में आपत्तिजनक सामग्री पाई गई है, जिससे उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा. डराने के लिए अपराधियों ने वीडियो कॉल पर पुलिस की वर्दी पहने लोगों से भी बातचीत कराई. सुमन को अकेले किसी स्थान पर बैठने को कहा गया.
इसके बाद सुमन होटल में चले गए, जहां वे साइबर अपराधियों के कहने के अनुसार कार्य करते रहे. इस दौरान उन्हें किसी से भी बात करने से मना कर दिया गया था. परिजनों की सूचना के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई शुरू की. एसपी के नेतृत्व में पुलिस ने सुमन को होटल से सकुशल बरामद कर लिया और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है.
डीएसपी भास्कर रंजन ने कहा कि हमें सूचना मिली थी कि उड़ान इंटरनेशनल स्कूल के डायरेक्टर लापता हैं. जांच में पता चला कि साइबर अपराधियों ने उन्हें डिजिटल रूप से बंधक बना रखा था. पुलिस की त्वरित कार्रवाई के बाद उन्हें सुरक्षित बरामद किया गया. सुमन सौरव के चाचा गोपाल सिंह ने कहा कि हमने तुरंत पुलिस को सूचना दी थी. पुलिस ने तेजी से कार्रवाई की और सुमन को ढूंढ़कर वापस लाया गया.