टी20 वर्ल्ड कप 2026 के 44वें मुकाबले में वेस्टइंडीज ने जिम्बाब्वे को 107 रनों से करारी शिकस्त दी। इस मुकाबले में कैरेबियाई टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 254 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। जवाब में जिम्बाब्वे की टीम लक्ष्य का पीछा करते हुए 17.4 ओवर में 147 रन पर ही सिमट गई। इस बड़ी हार से जिम्बाब्वे को न सिर्फ मैच गंवाना पड़ा, बल्कि पॉइंट्स टेबल में उसके नेट रन रेट को भी बड़ा झटका लगा।
वेस्टइंडीज की पारी की सबसे बड़ी खासियत रही उनकी आक्रामक बल्लेबाजी। तीसरे नंबर पर उतरे शिमरोन हेटमायर ने सिर्फ 34 गेंदों में 85 रनों की विस्फोटक पारी खेली। अपनी इस पारी में उन्होंने 7 चौके और 7 छक्के जड़ते हुए जिम्बाब्वे के गेंदबाजों की जमकर खबर ली। जिम्बाब्वे के खिलाफ सुपर-8 के इस अहम मुकाबले में बेहतरीन पारी खेलने के लिए शिमरोन हेटमायर को ‘प्लेयर ऑप द मैच’ के अवॉर्ड से नवाजा गया।
दूसरे छोर से रॉवमैन पॉवेल ने भी ताबड़तोड़ अंदाज में बल्लेबाजी की। उन्होंने 35 गेंदों पर 59 रन बनाए और टीम के स्कोर को तेजी से आगे बढ़ाया। इसके बाद शेफरेन रदरफोर्ड ने 13 गेंदों में 31 रन ठोककर अंतिम ओवरों में रन गति को और तेज कर दिया। निचले क्रम के बल्लेबाजों ने भी छोटी लेकिन प्रभावी पारियां खेलीं, जिससे टीम 250 के पार पहुंचने में सफल रही।
255 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। टीम नियमित अंतराल पर विकेट गंवाती रही, जिससे दबाव लगातार बढ़ता गया। ब्रैड इवांस ने 21 गेंदों पर 43 रन बनाकर कुछ संघर्ष जरूर दिखाया। उनकी पारी में 2 चौके और 5 छक्के शामिल रहे। डियोन मेयर्स ने 15 गेंदों में 28 रन और सिकंदर रजा ने 20 गेंदों में 27 रन बनाए, लेकिन बाकी बल्लेबाज बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे। अंततः पूरी टीम 147 रन पर ऑलआउट हो गई।
वेस्टइंडीज की जीत में गेंदबाजों की भी अहम भूमिका रही। गुडाकेश मोती ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट झटके, जबकि अकील हुसैन ने 3 विकेट लेकर जिम्बाब्वे की कमर तोड़ दी। कुल मिलाकर, यह मुकाबला वेस्टइंडीज की विस्फोटक बल्लेबाजी और संतुलित गेंदबाजी का बेहतरीन उदाहरण साबित हुआ।