शहडोल के ब्यौहारी में गैंग उम्रदराज लोगों को अपना निशाना बना रहा है। बुजुर्ग भरोसा करके लुट रहे हैं। ब्यौहारी थाने में लिखित शिकायत देते हुए सेवानिवृत शिक्षक शम्भू प्रसाद विश्वकर्मा (88) निवासी पपौध ने बताया कि गत दिवस वह अपने घर पपौध से ब्यौहारी सेंट्रल बैंक खाते से रुपये निकालने गए और 70 हजार रुपये निकाले, जिसमें बच्ची को देने के लिए 12 हजार रुपये अलग से निकालकर जेब में रखने के बाद शेष 58 हजार रुपये बैग में रख लिए।
बैंक से रोड में आकर बस स्टैंड जाने के लिए आटो का इंतजार करने लगे। इतने में एक सफेद रंग की कार आकर रुकी। उसे मैं नहीं रुकवाया तब भी वो रोका और मुझे बोला कहा जा रहे हैं, आपको छोड़ देता हूँ। उसकी बात सुनकर मुझे ऐसा लगा कि शायद यह लोग मेरे कोई छात्र होंगे।
कार में 2 लोग थे और कुछ ही दूर जाने के बाद बोले- चाचा गाड़ी का दरवाज़ा अच्छे से बंद कर दीजिये। जैसे ही मैं गेट बंद करने के लिए नीचे झुका, इतने में मेरे बैग से 58 हजार रुपये निकाल लिए और मुझे बस स्टैंड से पहले ही उतार दिया। कार से उतरने के बाद जब बैग खोला तो देखा कि उसमें रुपये नहीं थे।
बीते माह 7 अगस्त को भी इसी तरह की घटनाएं हो चुकी थीं, जिसमें सेवानिवृत रेलकर्मी रामदास पुत्र चिंतामणि रजक निवासी ग्राम पपौध ब्यौहारी स्टेट बैंक से पेंशन की राशि 15 हजार रुपये निकलावकर जा रहे थे, तो इसी तरह रुपये निकाल लिए गए थे। इस मामले की शिकायत भी पुलिस में है।