नई दिल्ली. साउथ अफ्रीका के खिलाफ घर पर 0-2 से मिली हार के बाद भारतीय टेस्ट क्रिकेट का स्तर सबसे निचले लेवल पर पहुंच गया है…ऐसे हम नहीं बल्कि क्रिकेट पंडितों का कहना है। पिछले 13 महीनों में यह दूसरा मौका था, जब टीम इंडिया को घर पर क्लीन स्वीप का सामना करना पड़ा था। इससे पहले 2024 के अंत में न्यूजीलैंड ने रोहित शर्मा की अगुवाई वाली टीम इंडिया को 3-0 से धूल चटाई थी। भारतीय टेस्ट क्रिकेट को बचाने के लिए हाल ही में बीसीसीआई ने शुभमन गिल समेत टीम इंडिया के लीडरशिप ग्रुप और चयनकर्ताओं के साथ सीक्रेट मीटिंग की है, जिसमें सभी से अपनी-अपनी राय मांगी गई है।
इस मीटिंग में शुभमन गिल ने कुछ ऐसा सुझाव दिया जो हर किसी को पंसद आने वाला है। दरअसल, भारतीय टीम का शेड्यूल काफी बिजी रहता है। पिछले साल 28 नवंबर को एशिया कप जीतने के बाद भारत ने 4 दिन बाद वेस्टइंडीज के खिलाफ घर पर 2 अक्टूबर से 2 मैच की टेस्ट सीरीज खेली। वेस्टइंडीज सीरीज 14 अक्टूबर को खत्म ही हुई थी कि भारतीय टीम 19 अक्टूबर से ऑस्ट्रेलिया में मैच खेल रही थी।
8 नवंबर को खत्म हुए ऑस्ट्रेलिया दौरे के बाद भारतीय टीम ने 14 नवंबर से साउथ अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज खेलना शुरू कर दिया। टीम इंडिया के पास तैयारी के लिए ज्यादा समय नहीं होता है, ऐसे में शुभमन गिल ने बीसीसीआई के सामने हर टेस्ट सीरीज से पहले 15 दिन का रेड-बॉल क्रिकेट का कैंप लगाने का आइडिया रखा है।
13 महीनों में घर पर दो टेस्ट सीरीज में बुरी तरह हारने के बाद BCCI ने सिलेक्टर्स और टीम के लीडरशिप ग्रुप के साथ अनौपचारिक मीटिंग्स कीं। BCCI के एक सूत्र ने TOI को बताया, “गिल बहुत साफ थे कि टेस्ट सीरीज में जाने से पहले टीम को बेहतर तैयारी की जरूरत है। इस सीजन में शेड्यूल को लेकर एक दिक्कत थी, जहां टीम को तैयारी के लिए ज्यादा समय नहीं मिला। गिल ने बोर्ड को सलाह दी कि अगर टेस्ट सीरीज से पहले 15 दिन के रेड-बॉल कैंप हों तो यह सबसे अच्छा होगा।”
सूत्र ने बताया “गिल अब लीडरशिप वाले गुण दिखा रहे हैं। वह सेलेक्टर्स और BCCI को अपना विजन ज्यादा साफ तौर पर बता रहे हैं। यह भारतीय क्रिकेट के लिए अच्छी बात है क्योंकि रोहित शर्मा के बाद एक मजबूत कप्तान की ज़रूरत है। टेस्ट और वनडे टीमें गिल की हैं। उनके लिए अपनी बात ज्यादा जोर से कहना जरूरी है।”