ईरान और इजरायल के बीच संघर्ष शुरू होने के बाद से अमेरिका ईरान को कई बार चेतावनी दे चुका है। हालांकि ईरान झुकने को तैयार नहीं है। पिछले सप्ताह इजरायल द्वारा शुरू किए गए हमलों के जवाब में ईरान ने इजरायल पर कई हमले किए हैं। गुरुवार को ईरानी हमले में इजरायल के बड़े अस्पताल को भारी नुकसान हुआ है और करीब 200 लोग घायल हो गए हैं। ईरान ने शुक्रवार को इजरायल पर क्लस्टर बम से भी हमला किया है। इन हमलों के बाद अब युद्ध और भयावह रूप ले सकता है। ऐसे में अमेरिका अब इजरायल से अपने नागरिकों को निकालने में जुट गया है।
इजराइल में अमेरिकी राजदूत माइक हुकाबी ने गुरुवार को कहा है कि अमेरिकी दूतावास ईरान के साथ चल रहे संघर्ष के बीच इजराइल से अपने नागरिकों को निकालने के लिए उड़ानों और क्रूज शिप की व्यवस्था कर रहा है। इस ऐलान से पहले ही कई अमेरिकी अधिकारियों और उनके परिवारों को इजरायल से निकाला जा चुका है।
टाइम्स ऑफ इजरायल ने कुछ अधिकारियों के हवाले से इस बात की जानकारी दी है कि अमेरिका तेजी से अपने नागरिकों को बाहर निकाल रहा है। वहीं जंग शुरू होने के बाद से दूसरे देशों ने भी अपने नागरिकों को इजरायल से निकालने के लिए स्पेशल फ्लाइट्स शुरू की हैं। जानकारी के मुताबिक इस समय इजराइल में अलग-अलग देशों के करीब 38,000 पर्यटक मौजूद हैं।
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक संदेश में कहा है कि अमेरिका दो सप्ताह के बाद इस जंग में प्रत्यक्ष रूप से हिस्सा लेने की योजना बना रहा है। जानकारी के मुताबिक अमेरिका ने मिडिल ईस्ट में अपने 40 हजार जवानों को अलर्ट कर दिया है। वहीं अमेरिका ने इस इलाके में अपने कई युद्धपोतक जहाजों को भी तैनात किया है।