कोलकाता कांड: ‘घटनास्थल पर नहीं घुसे लोग… सबूतों से छेड़छाड़ की बातें झूठ’

आरजी कर मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पीटल में महिला ट्रेनी डॉक्टर से दुष्कर्म और हत्या मामले से जुड़े एक वायरल वीडियो पर कोलकाता पुलिस ने सफाई दी है. पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो दिख रही भीड़ सेमिनार हॉल के अंदर है, लेकिन वह भीड़ घटनास्थल के अंदर नहीं है.  

इस वायरल वीडियो के बारे में जानकारी देते हुए कोलकाता पुलिस डीसी सेंट्रल इंदिरा मुखर्जी ने कहा कि वायरल वीडियो में दिख रही भीड़ सेमिनार हॉल के अंदर है, लेकिन ये भीड़ घटनास्थल के अंदर नहीं है. सबूतों से छेड़छाड़ की गई है और कई लोग घटनास्थल के अंदर चले गए ये बात पूरी तरह से गलत है.

पुलिस के अनुसार, वीडियो में दिख रही जगह सेमिनार हॉल नहीं था. उस कमरे के अंदर डेड बॉडी रखी थी. पुलिस ने पूरे कमरे को घेर लिया था. शव से 40 फीट की दूरी पर घेराबंदी की गई थी. वीडियो में जो दिख रहा है वह बाकी 11 फीट का हिस्सा है. वो पुलिस द्वारा सील किया गया इलाका नहीं है.

जहां शव रखा था. उस इलाके में कोई भी बाहरी व्यक्ति ने एंट्री नहीं की थी. वहां कोई बाहरी व्यक्ति मौजूद नहीं था. यह सेमिनार हॉल के अंदर थे, लेकिन इलाके की घेराबंदी के अंदर नहीं थे. ये सेमिनार हॉल 51 फीट बाय 31 फीट का है.

कोलकाता पुलिस सूत्रों के अनुसार, उन्हें सुबह 10:10 बजे अप्राकृतिक मौत की सूचना दी गई और जांच के दौरान पता चला कि शव को पहले सबसे सुबह करीब साढ़े नौ बजे देखा गया था.

अब इस मामले में सीबीआई के हाथ चौंकाने वाली जानकारी हाथ लगी है. सीबीआई सूत्रों ने बताया कि आरोपी संजय रॉय जिस बाइक का इस्तेमाल कर रहा था. वह कोलकाता पुलिस आयुक्त के नाम पर रजिस्टर्ड है. इसी बाइक से आरोपी ने वारदात वाली रात को नशे की हालत में लगभग 15 किलोमीटर का सफर तय किया था. अब सीबीआई जांच कर रही है कि आरोपी के पास ये बाइक कहां से और कैसे आई. 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *