पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और ईरान से जुड़े संकट के बीच जब दुनिया भर में कच्चे तेल और गैस को लेकर चिंता बढ़ रही है, तब भारत सरकार ने स्थिति को संभालने के लिए तैयारी तेज कर दी है। हाल ही में रसोई गैस की कीमतों में हुई बढ़ोतरी के बाद लोगों में घबराहट देखी गई, जिसके चलते केंद्र सरकार ने राज्यों के साथ बैठक की।
सोमवार को विदेश मंत्रालय ने पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति को लेकर सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों के साथ वर्चुअल बैठक की। सरकार ने भरोसा दिलाया कि फिलहाल देश में गैस की कोई कमी नहीं है, लेकिन अगर हालात बिगड़ते हैं तो घरेलू उपभोक्ताओं को प्राथमिकता दी जाएगी।
कई शहरों में कमर्शियल गैस की आपूर्ति रुकी
वहीं, नेशनल रेस्टोरेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया (NRAI) ने कई शहरों में कमर्शियल गैस की आपूर्ति को लेकर चिंता जताई है। कमर्शियल गैस की कमी के कारण बेंगलुरु, हैदराबाद और जयपुर जैसे शहरों में कुछ होटल बंद होने की खबरें सामने आ रही हैं। होटलों और शादियों के लिए गैस सिलेंडर बुक करने में भी परेशानी की शिकायतें मिल रही हैं।
CNBC-News18 की रिपोर्ट के अनुसार, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का असर गैस सप्लाई पर भी दिखने लगा है। इससे भारतीय बंदरगाहों पर आने वाले एलपीजी शिपमेंट धीमे हो गए हैं, जिसके कारण अधिकारियों को घरेलू खपत को प्राथमिकता देनी पड़ रही है।
कमर्शियल एलपीजी की कीमतों में पहले ही बढ़ोतरी हो चुकी है। 7 मार्च से 19 किलोग्राम के कमर्शियल सिलेंडर की कीमत लगभग ₹115 बढ़ी है, जबकि 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर के रिफिल की कीमत करीब ₹60 बढ़ गई है।
तेल की कीमतों पर सरकार का रुख
सरकारी सूत्रों के मुताबिक, ईरान से जुड़े संकट के बावजूद फिलहाल कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल की आशंका नहीं है। देश में पर्याप्त मात्रा में कच्चा तेल मौजूद है और कीमत लगभग 100 डॉलर प्रति बैरल के आसपास रहने का अनुमान है।
सरकार ने कुकिंग गैस को लेकर भी अहम फैसला लिया है। घरेलू एलपीजी सिलेंडर के रिफिल की बुकिंग के लिए न्यूनतम वेटिंग टाइम 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है। इसका उद्देश्य जमाखोरी रोकना और सभी उपभोक्ताओं को समान रूप से गैस उपलब्ध कराना है।
एनआरएआई की चिंता
नेशनल रेस्टोरेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया (NRAI) ने कहा है कि सरकार द्वारा किसी औपचारिक प्रतिबंध से इनकार किए जाने के बावजूद जमीनी स्तर पर कमर्शियल LPG की आपूर्ति में दिक्कतें आ रही हैं। कई सप्लायर कमर्शियल सिलेंडर उपलब्ध कराने में असमर्थता जता रहे हैं, जिससे रेस्टोरेंट उद्योग प्रभावित हो रहा है और लोगों के लिए भोजन सेवाओं पर भी असर पड़ सकता है।
कई शहरों में होटल उद्योग प्रभावित
बेंगलुरु: रिपोर्ट के अनुसार कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में कमर्शियल गैस सप्लाई में रुकावट के कारण मंगलवार से 3000 से अधिक होटल-रेस्टोरेंट बंद होने की आशंका है। बेंगलुरु होटल एसोसिएशन ने गैस संकट को इसका मुख्य कारण बताया है। वहीं मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में हुई भारी बढ़ोतरी पर केंद्र सरकार की आलोचना की है।
जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर में नया आदेश जारी किया गया है कि गैस सिलेंडर केवल घरेलू उपभोक्ताओं को ही दिए जाएंगे। इससे होटल और शादी समारोहों में गैस की कमी की आशंका बढ़ गई है। कई इलाकों में सात दिन तक की वेटिंग चल रही है।
पंजाब: ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने 8 मार्च से पूरे पंजाब में नॉन-डोमेस्टिक एलपीजी सिलेंडरों की सप्लाई रोक दी है। इसमें 19 किलोग्राम के कमर्शियल सिलेंडर और बड़े इंडस्ट्रियल पैक शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि इम्पोर्ट कमजोर होने के कारण घरेलू सप्लाई सुरक्षित रखने के लिए यह कदम उठाया गया है।
महाराष्ट्र: नागपुर, पुणे और मुंबई के प्लांट में कमर्शियल एलपीजी की उपलब्धता तेजी से घट रही है। रेस्टोरेंट और क्लाउड किचन की सप्लाई प्रभावित हुई है। पुणे में गैस आधारित श्मशान घाटों को भी कुछ समय के लिए बंद करना पड़ा। रिपोर्ट के मुताबिक करीब 9000 रेस्टोरेंट और बार प्रभावित हो सकते हैं।
आंध्र प्रदेश: कई जिलों में केंद्र की गाइडलाइंस को सख्ती से लागू किया जा रहा है। डिस्ट्रीब्यूटर्स को नए कमर्शियल एलोकेशन रोकने के निर्देश दिए गए हैं, जबकि घरेलू मांग को प्राथमिकता दी जा रही है।
तेलंगाना: हैदराबाद सहित कुछ हिस्सों में कमर्शियल एलपीजी डिस्पैच अस्थायी रूप से रोक दिए गए हैं। मौजूदा स्टॉक को सीमित तरीके से बांटा जा रहा है।
तमिलनाडु: चेन्नई और कोयंबटूर में तेल कंपनियों ने नए कमर्शियल सिलेंडर भेजना रोक दिया है। इंडस्ट्री संगठनों ने इसे वापस लेने की अपील की है।
हिमाचल प्रदेश: यहां नया नियम लागू किया गया है, जिसके तहत उपभोक्ता पिछले सिलेंडर की डिलीवरी के 25 दिन बाद ही अगला सिलेंडर बुक कर पाएंगे। ऑनलाइन और फोन बुकिंग सिस्टम 25 दिन से पहले की गई रिक्वेस्ट को स्वतः रिजेक्ट कर देंगे।
सरकार ने आवश्यक वस्तु प्रबंधन के तहत इमरजेंसी प्रावधान लागू किए हैं। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों—इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम—को घरेलू सिलेंडरों के लिए अधिक प्रोपेन और ब्यूटेन आवंटित करने और गैर-जरूरी इस्तेमाल को सीमित करने के निर्देश दिए गए हैं।
कोलकाता: इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन (IOC) और भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) ने घरेलू एलपीजी रिफिल के लिए 21-दिन का लॉक-इन पीरियड लागू किया है, क्योंकि हाल के दिनों में बुकिंग में तेजी से वृद्धि देखी गई है।