दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने दिल्ली यातायात पुलिस को मौजूदा ट्रैफिक सेंटिनल मोबाइल ऐप को नए नाम “ट्रैफिक प्रहरी” के तहत फिर से लॉन्च करने का निर्देश दिया है. उपराज्यपाल ने यह निर्देश ट्रैफिक मैनेजमेंट में जनता की भागीदारी बढ़ाने के लिए दिया है. 1 सितंबर से लॉन्च होने वाला यह एडवांस मोबाइल ऐप नागरिकों के लिए यातायात और पार्किंग उल्लंघनों की रिपोर्ट करने के लिए एक प्लेटफॉर्म के तौर पर काम करता है.
इस ऐप पर नागरिक ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट कर सकेंगे और इसके बदले उन्हें इनाम के तौर 50,000 रुपये तक की धनराशि देने के प्रावधान किया गया है. इस ऐप के माध्यम से शहर के भीतर ट्रैफिक को ठीक प्रकार से कंट्रोल करने में सहायता मिलेगी
ट्रैफिक सेंटिनल स्कीम) आम नागरिकों को ट्रैफिक नियमों को तोड़ने वालों की रिपोर्ट करके दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के लिए एक प्रहरी के तौर पर काम करने की सुविधा देता है. इस ऐप को फिर से लॉन्च कर पहले की तरह वार्षिक नहीं बल्कि अब मासिक पुरस्कार दिया जाएगा. यानी अब हर महीने टॉप 4 सबसे बेहतर परफॉर्मेंस वाले रिपोर्टकर्ताओं को पुरस्कृत किया जाएगा.
हर महीने टॉप 4 बेस्ट परफॉर्मर को क्रमशः 50,000 रुपये, 25,000 रुपये, 15,000 रुपये और 10,000 रुपये का पुरस्कार मिलेगा, जिसमें पहला पुरस्कार सितंबर की रिपोर्ट के आधार पर अक्टूबर की शुरुआत में वितरित किया जाएगा.
एलजी सक्सेना ने इस बात पर जोर दिया कि ट्रैफिक सेंटिनल स्कीम जागरूक नागरिकों को दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के साथ सहयोग करने का अवसर देगी. जिससे शहरी ट्रैफिक को सुचारू ढंग से चलाने और नियमों के उल्लंघन पर रोकथाम करने में मदद मिलेगी. यह जिम्मेदार नागरिकों के लिए शासन में सहयोग करने के साथ-साथ आय का स्रोत भी प्रदान करता है.
ट्रैफिक सेंटिनल मोबाइल ऐप को यूजर गूगल प्ले स्टोर और IOS ऐप स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं. इसे डाउनलोड करने के बाद यूजर को अपना मोबाइल नंबर रजिस्टर करना होगा. रजिस्ट्रेशन के बाद यूजर “ट्रैफिक प्रहरी” उल्लंघन की रिपोर्ट कर सकते हैं, जिसमें उल्लंघन की तारीख, समय और स्थान जैसी जानकारियों को दर्ज करना अनिवार्य होगा. इस रिपोर्ट को ट्रैफिक पुलिस मुख्यालय द्वारा वेरिफाई किया जाएगा. ये मोबाइल ऐप यूजर को खतरनाक ड्राइविंग, अनुचित पार्किंग, रेड-लाइट जंपिंग और अन्य कई ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन की रिपोर्ट करने की सुविधा देता है.