तंबाकू नियंत्रण
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बच्चों और किशोरों को तंबाकू के घातक दुष्प्रभावों से बचाने के उद्देश्य से एमसीबी जिले में तंबाकू नियंत्रण को लेकर सघन अभियान चलाया गया। यह कार्रवाई कलेक्टर श्री डी. राहुल वेंकट के निर्देश एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अविनाश खरे के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य विभाग और खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से की गई।
🚫 स्कूलों और स्वास्थ्य केंद्रों के आसपास विशेष जांच
अभियान के तहत खड़गवां एवं गजमरवापारा–पोड़ीडीह क्षेत्र में स्थित संवेदनशील संस्थानों के 100 गज के दायरे में संचालित दुकानों की सघन जांच की गई। इनमें प्रमुख रूप से:
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, खड़गवां
- पीएम श्री एकलव्य स्कूल, पोड़ीडीह
- स्वामी आत्मानंद स्कूल, खड़गवां
- शासकीय बालक मिडिल स्कूल, खड़गवां
इन संस्थानों के आसपास संचालित किराना दुकानों, चाय ठेलों, पान दुकानों और गुमटियों की जांच की गई।
⚖️ कोटपा अधिनियम के तहत कार्रवाई
जांच के दौरान कई दुकानों में तंबाकू युक्त पदार्थों की अवैध बिक्री पाई गई। इस पर कोटपा अधिनियम 2003 (COTPA Act) की:
- धारा 4 (सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान निषेध)
- धारा 6 (शैक्षणिक संस्थानों के 100 गज के भीतर तंबाकू बिक्री निषेध)
के अंतर्गत 13 पान ठेलों, रेस्टोरेंट, किराना दुकानों, होटल, गुमटियों एवं चाय दुकानों पर चालानी कार्रवाई की गई।
इस दौरान कुल ₹2,900 का जुर्माना वसूल किया गया।
⚠️ दुकानदारों को सख्त चेतावनी
कार्रवाई के दौरान संबंधित दुकानदारों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि:
- स्कूलों और स्वास्थ्य संस्थानों के आसपास तंबाकू, सिगरेट व अन्य नशीले पदार्थों की बिक्री न करें
- बच्चों और किशोरों को किसी भी प्रकार का नशा सामग्री न बेचें
- भविष्य में नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी
प्रशासन ने साफ शब्दों में कहा कि दोबारा उल्लंघन पर भारी जुर्माना और अन्य दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
👥 अभियान में शामिल रहे अधिकारी
इस सघन अभियान में कई विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे, जिनमें प्रमुख रूप से:
- कोटपा नोडल अधिकारी डॉ. कीर्ति चौहान
- डॉ. विक्की टोप्पो
- चिकित्सा अधिकारी डॉ. करन
- राजस्व विभाग, खड़गवां
- खाद्य एवं औषधि प्रशासन से औषधि निरीक्षक विकास लकड़ा एवं आलोक मिंज
- खड़गवां थाना का पुलिस बल
की सक्रिय भूमिका रही।
🧒 बच्चों के भविष्य की सुरक्षा प्राथमिकता
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया कि बच्चों और किशोरों का स्वास्थ्य सर्वोपरि है। तंबाकू सेवन से कैंसर, हृदय रोग और अन्य गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ता है, इसलिए इसके नियंत्रण के लिए कानून का सख्ती से पालन आवश्यक है।