काले हिरण के संरक्षण को लेकर मुखर रहे बिश्नोई समाज का गुस्सा एक बार फिर फूट पड़ा है। बिश्नोई सभा ने बीते दिनों हरियाणा में बड़े प्रदर्शन का आयोजन किया। अखिल भारतीय जीव रक्षा बिश्नोई सभा ने हाल ही में हरियाणा के जंडवाला बिश्नोईयां गांव में काले हिरण के हुए शिकार की निंदा की है। समूह ने गुरुवार को सिरसा में गुरु जम्भेश्वर मंदिर में शोक सभा और विरोध प्रदर्शन आयोजित किया। सभा ने इस दौरान निर्दोष जानवरों की हत्या पर रोष जताया है।
बैठक के दौरान बिश्नोई सभा ने शिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की अपनी मांगों को तेज करने का फैसला किया है। वहीं इन घटनाओं को रोकने और दोषियों को गिरफ्तार करने के लिए उचित कदम न उठाए जाने पर पुलिस अधिकारियों और नेताओं के घरों पर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन आयोजित करने की चेतावनी भी दी है। डबवाली सदर पुलिस के एसएचओ ने कहा कि वे मामले की जांच कर रहे हैं और अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है।
बिश्नोई सभा के अध्यक्ष एडवोकेट मुकेश बिश्नोई ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा है कि इस मुद्दे पर तत्काल ध्यान देने की जरूरत है। गौरतलब है कि बिश्नोई समुदाय लंबे समय से पर्यावरण और दूसरे जीवों की रक्षा करने की परंपरा निभा रहा है। सभा ने फैसला लिया है कि जागरूकता फैलाने और कार्रवाई की मांग करने के लिए अलग अलग गांवों में इसी तरह के विरोध सभाओं का आयोजन किया जाएगा।
बिश्नोई सभा के मुताबिक तस्करी के जरिए काले हिरणों के शिकार को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे राज्य के जंगली जानवरों को और अधिक खतरा है। उन्होंने बताया है कि शिकारियों ने न केवल काले हिरणों को बल्कि दूसरे जानवरों को भी निशाना बनाया है। सभा ने ऐसे अपराधों को रोकने और पर्यावरण की रक्षा के लिए सरकार और कानून प्रवर्तन एजेंसियों से तत्काल एक्शन लेने की बात की है।