‘रियासत में ऐसा होता रहेगा, अगर दोस्ती नहीं की तो…’; बारामूला आतंकी हमले पर क्या बोले फारूक अब्दुल्ला

नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी हमलों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। बारामूला आतंकी हमले पर उन्होंने कहा, ‘इस रियासत में ऐसा होता रहेगा। जब तक इस समस्या से निकलने का रास्ता नहीं निकलेगा, तब तक यह नहीं रुकेगा। मैं 30 साल से देख रहा हूं कि निर्दोष लोग मारे जा रहे हैं।’ फारूक ने कहा कि हम पाकिस्तान का हिस्सा नहीं बनने वाले हैं, तो वे ऐसा क्यों कर रहे हैं? हमारा भविष्य बर्बाद करने के लिए? उन्हें अपने देश को देखना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘मैं उनसे फिर अपील करता हूं कि वे इसे रोकें और दोस्ती का रास्ता खोजें। अगर दोस्ती नहीं की गई तो भविष्य बहुत मुश्किल होगा। मैं इस घटना में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देता हूं।’

जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग में गुरुवार को किए गए आतंकवादी हमले में गंभीर रूप से घायल हुए 2 जवानों ने दम तोड़ दिया। इसके साथ ही इस हमले में जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 4 हो गई है। सैन्य बल के साथ काम करने वाले 2 कुलियों की कल मौत हो गई थी। तीन सैनिकों सहित चार लोग घायल हुए थे जिनमें से दो सैनिकों ने बाद में दम तोड़ दिया। उत्तरी कश्मीर के बारामूला जिले में गुलमर्ग से छह किलोमीटर दूर आतंकवादियों ने सेना के एक वाहन पर हमला दिया। बूटापथरी इलाके में सेना के वाहन पर तब गोलीबारी की जब वह अफरावत रेंज में नागिन चौकी की ओर जा रहा था। अधिकारियों ने कहा कि यह क्षेत्र पूरी तरह से सेना के कब्जे में है।

जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि घाटी में हालिया हमले गंभीर चिंता का विषय हैं। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ‘उत्तरी कश्मीर के बूटापथरी क्षेत्र में सेना के वाहनों पर हमले की बेहद दुर्भाग्यपूर्ण खबर है, जिसमें कुछ लोग हताहत हुए हैं। कश्मीर में हालिया हमले गंभीर चिंता का विषय हैं।’ अब्दुल्ला ने कहा कि मैं इस हमले की कड़े शब्दों में निंदा करता हूं और जान गंवाने वाले लोगों के प्रियजन के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं। मैं यह भी प्रार्थना करता हूं कि घायल पूरी तरह और शीघ्र स्वस्थ हों। पूर्व मुख्यमंत्री और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने भी हमले की निंदा की। उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया, ‘बारामूला में सेना के काफिले पर आतंकवादी हमले से स्तब्ध और दुखी हूं। इसकी स्पष्ट रूप से निंदा करती हूं और घायल सैनिकों के शीघ्र स्वस्थ होने के लिए प्रार्थना करती हूं।’
(एजेंसी इनपुट के साथ)

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