कोरबा यूट्यूबर FIR
कोरबा यूट्यूबर FIR मामले ने शहर के वकील समुदाय में हड़कंप मचा दिया है। पत्रकार बनकर वकीलों से कथित वसूली करने पहुंचे एक यूट्यूबर के खिलाफ मारपीट, ब्लैकमेलिंग और महिला प्रसाधन क्षेत्र में वीडियो बनाने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। मामला सामने आते ही आरोपी फरार हो गया है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
घटना कोरबा जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र की है।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार:
- आरोपी यूट्यूबर मुकेश भारती कथित रूप से कोर्ट परिसर में सक्रिय था
- वह खुद को पत्रकार बताकर वकीलों के खिलाफ खबरें चलाने की बात करता था
- महिला बाथरूम के पास वीडियो बनाते हुए उसे देखा गया
- विरोध करने पर उसने कथित रूप से 10 हजार रुपये महीना देने का दबाव बनाया
इस दौरान बहस और झूमाझटकी की स्थिति बनी। वकीलों के आक्रोश को देखते हुए आरोपी मौके से भाग निकला।
वकीलों का थाने में प्रदर्शन
घटना के बाद सैकड़ों की संख्या में अधिवक्ता सिविल लाइन थाना कोरबा पहुंचे और लिखित शिकायत दी।
एफआईआर में आरोप लगाए गए:
- महिला प्रसाधन क्षेत्र का वीडियो बनाना
- ब्लैकमेलिंग
- मारपीट और धमकी
- अवैध वसूली की कोशिश
वकीलों ने इसे गंभीर अपराध बताते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की।
पहले भी विवादों में रहा है आरोपी
बताया जा रहा है कि:
- नगर निगम सभापति चुनाव के दौरान पार्षदों की खरीद-फरोख्त की कथित प्लानिंग से जुड़ा एक ऑडियो वायरल हुआ था
- आरोपी के खिलाफ उसके सगे भाई ने भी ब्लैकमेलिंग की शिकायत दर्ज कराई थी
- वह पहले से पुलिस रडार पर था
इन मामलों में भी पुलिस को उसकी तलाश थी।
पुलिस की कार्रवाई
एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने:
- आरोपी की तलाश तेज कर दी है
- संभावित ठिकानों पर दबिश शुरू की है
- मामले की जांच हर पहलू से शुरू कर दी है
पुलिस का कहना है कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गंभीर सवाल
यह मामला कई अहम सवाल खड़े करता है:
- क्या सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का दुरुपयोग बढ़ रहा है?
- क्या फर्जी पत्रकारिता के नाम पर वसूली की घटनाएं बढ़ रही हैं?
- महिला सुरक्षा को लेकर कोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कितनी मजबूत है?
कोरबा यूट्यूबर FIR मामला अब कानूनी कार्रवाई के दौर में है। पुलिस की अगली कार्रवाई और आरोपी की गिरफ्तारी पर सबकी नजरें टिकी हैं।