कांकेर . ग्राम पंचायत देवपुर के सरपंच माही विश्वास पर वित्तीय अनियमितताओं और विकास कार्यों में लापरवाही के गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामवासियों ने सरपंच के खिलाफ एसडीएम कार्यालय में ज्ञापन सौंपा और थाना पखांजूर में शिकायत दर्ज कराई है।
अनियमितताओं का आरोप
ग्रामवासियों का आरोप है कि सरपंच ने अपने पांच साल के कार्यकाल में 14वें और 15वें वित्त, मनरेगा, गोठान निर्माण समेत अन्य योजनाओं से आहरित राशि का दुरुपयोग किया। अधूरे कार्यों को दस्तावेजों में पूर्ण दिखाकर फर्जी बिल लगाकर भुगतान किया गया।
अपूर्ण कार्यों की सूची:
- मुक्तिधाम निर्माण
- सांस्कृतिक भवन निर्माण
- आंगनबाड़ी भवन निर्माण
- पक्की नाली निर्माण
- बालिका शौचालय निर्माण
इन कार्यों के लिए लाखों रुपये खर्च दिखाए गए हैं, लेकिन आज तक कार्य अधूरे पड़े हैं।
स्ट्रीट लाइट और बोर खनन पर सवाल
ग्रामवासियों ने बताया कि नल-जल योजना के तहत पहले ही पानी की पाइपलाइन गांव में बिछाई जा चुकी है, इसके बावजूद बोर खनन कार्य कर अनावश्यक रूप से राशि आहरित की जा रही है। वहीं, स्ट्रीट लाइट योजना के तहत ₹7,65,000 की राशि पहले ही निकाल ली गई, लेकिन केवल निम्न गुणवत्ता के पोल और लाइट्स लगाए गए हैं।
एसडीएम का आश्वासन
ग्रामवासियों ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा और सभी अनियमितताओं की जांच की मांग की। इस पर एसडीएम ने आश्वासन दिया है कि सोमवार तक मामले की जांच पूरी कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने ग्राम पंचायत में जारी अधूरे कार्यों का भौतिक सत्यापन कराने की बात भी कही।
ग्रामवासियों की मांग
ग्रामवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि:
- सभी अधूरे कार्यों की उच्चस्तरीय जांच हो।
- सरपंच से फर्जी भुगतान की गई राशि वसूली जाए।
- गुणवत्ताहीन स्ट्रीट लाइट को हटाकर उच्च गुणवत्ता की लाइट्स लगाई जाएं।
- बोर खनन और अन्य कार्यों का भौतिक सत्यापन हो।
आगे की कार्रवाई पर नजर
एसडीएम के आश्वासन के बाद अब प्रशासन की ओर से सोमवार को जांच रिपोर्ट आने और कार्रवाई की प्रतीक्षा है। ग्रामवासियों ने उम्मीद जताई है कि यह कदम पंचायत में पारदर्शिता लाने और विकास कार्यों को सही दिशा देने में मददगार होगा।