कुनकुरी कोटपा कार्रवाई
जशपुर, छत्तीसगढ़: कुनकुरी क्षेत्र में कोटपा एक्ट-2003 के तहत तीसरे चरण का सघन चालानी अभियान चलाया गया। राज्य शासन और कलेक्टर के निर्देश पर औषधि प्रकोष्ठ की टीम ने सार्वजनिक स्थलों और शैक्षणिक संस्थानों के आसपास तंबाकू संबंधित नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की।
कार्रवाई का विस्तृत विवरण
- निरीक्षण दल ने शैक्षणिक संस्थानों के 100 गज दायरे में स्थित दुकानों और सार्वजनिक स्थानों की जांच की।
- इस दौरान 37 चालान बनाए गए और 6,750 रुपए का जुर्माना वसूला गया।
- कार्रवाई मुख्य रूप से कोटपा एक्ट की निम्नलिखित धाराओं के तहत हुई:
- धारा-4: सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान निषेध
- धारा-6(अ): नाबालिगों को तंबाकू उत्पाद की बिक्री और उपयोग पर प्रतिबंध
- धारा-6(ब): शैक्षणिक संस्थानों के 100 गज के भीतर तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर प्रतिबंध
अधिकारियों की भूमिका
कार्यवाही में प्रमुख रूप से शामिल थे:
- सहायक औषधि नियंत्रक श्री पीताम्बर साहू
- औषधि निरीक्षक योगेश परस्ते और मनीष कंवर
- कोटपा नोडल अबरार खान
- पुलिस विभाग के अधिकारी
निरीक्षण दल ने दुकानदारों को निर्देश दिए कि:
- सूचना बोर्ड अनिवार्य रूप से लगाए जाएँ।
- माचिस, लाइटर और ऐश ट्रे जैसी धूम्रपान को प्रोत्साहित करने वाली सामग्री सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित न की जाए।
- शैक्षणिक संस्थानों के आसपास तंबाकू उत्पादों की बिक्री पूरी तरह से प्रतिबंधित रहे।
तंबाकू सेवन के स्वास्थ्य प्रभाव
अधिकारियों ने आमजन को जागरूक किया कि तंबाकू और धूम्रपान से गंभीर स्वास्थ्य समस्याएँ हो सकती हैं, जैसे:
- कैंसर
- सीओपीडी (क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज)
- हृदय रोग
साथ ही, उन्होंने बताया कि पैसिव स्मोकिंग से आसपास के लोग, खासकर बच्चे, सबसे अधिक प्रभावित होते हैं। तंबाकू में मौजूद हानिकारक रसायन स्वास्थ्य के लिए जानलेवा हो सकते हैं।