समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शुक्रवार को योगी आदित्यनाथ पर हमला करते हुए कहा कि डबल इंजन की बात होती है लेकिन दोनों इंजन ही आपस में टकरा रहे हैं। इनका इंजन ही नहीं, नारा भी टकरा रहा है। बटेंगे तो कटेंगे का जिक्र करते हुए कहा कि अंग्रेजों ने जो नारा दिया था, वही नारा यह लोग दे रहे हैं। इस नारे से अब भाजपा वाले ही किनारा कर रहे हैं। इनके सहयोगी दल के लोग नारे से अलग हो रहे हैं। अखिलेश यादव ने कहा कि भारतीय राजनीति के इतिहास में इतना नकारात्मक नारा किसी ने नहीं दिया था। ये नकारात्मक लोग हैं।
अखिलेश यादव हिन्दुस्तान टाइम्स लीडरशिप समिट में कहा कि यह लोग तोड़ने का काम कर रहे हैं हम लोग जोड़ेंगे का काम करेंगे। एक ने कहा कि बांटेंगे काटेंगे तो दूसरे ने एक हैं तो सेफ हैं का नारा दिया दे दिया है। दोनों नारे टकरा रहे हैं।
अखिलेश ने कहा कि भाजपा का हर नारा निगेटिव है। एनडीए के एन का मतलब ही निगेटिव है। यह नकारात्मक लोग हैं। कुकर्म करने वालों का माला पहनाकर स्वागत कर रहे हैं। प्रयागराज में अपने हक के लिए आंदोलन कर रही दिव्यांग बेटी की बैशाखी छीन ली गई। बीएचयू में गैंगरेप के आरोपी भाजपा के लोग हैं निकले और उनका भी स्वागत किया जा रहा है।
अखिलेश ने सीधे सीएम योगी पर हमला करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री की नकारात्मक सोच की वजह से भाजपा लोकसभा चुनाव में हारी है। अयोध्या में इतना काम करने का ढिढोरा पीटा गया फिर भी नकारात्मक राजनीति के कारण ही भाजपा वहां भी हार गई।
कहा कि अयोध्या में क्या काम किया है, वोट से पता चल गया। लोकसभा में जीतने के बाद कुछ लोग चर्चा कर रहे थे कि आपने एक हजार करोड़ का मंदिर बना दिया फिर भी हार गए। हमने तो 15 हजार करोड़ का एक्सप्रेसवे बनाया फिर भी हारे हैं। अयोध्या की हार की वजह से भाजपा के लोग सो नहीं पा रहे हैं।