श्री रामलला दर्शन यात्रा
श्री रामलला दर्शन यात्रा की शुरुआत: श्रद्धालु अयोध्या धाम के लिए रवाना
बिलासपुर: श्री रामलला दर्शन योजना के अंतर्गत 850 श्रद्धालु बिलासपुर संभाग से विशेष ट्रेन के माध्यम से अयोध्या धाम के लिए रवाना हुए हैं। इस ऐतिहासिक अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने श्रद्धालुओं से भरी आस्था स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी दिखाई। इस दौरान कई प्रमुख हस्तियां उपस्थित थीं, जिनमें जिला पंचायत अध्यक्ष श्री राजेश सूर्यवंशी, सीईओ जिला पंचायत श्री संदीप अग्रवाल, और मंडल रेल प्रबंधक श्री राकेश रंजन प्रमुख थे।
आस्था और श्रद्धा से भरपूर यात्रा
इस यात्रा में, श्रद्धालु अयोध्या धाम में भगवान श्री राम के दर्शन करेंगे। इसके साथ ही वे काशी विश्वनाथ के भी दर्शन करने का अवसर प्राप्त करेंगे। ट्रेन के रवाना होने के दौरान बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर गाजे-बाजे के साथ श्रद्धालुओं का स्वागत किया गया। पारंपरिक नृत्य, तिलक, फूल-मालाओं और पुष्प वर्षा के बीच श्रद्धालु अयोध्या यात्रा के लिए रवाना हुए।
राज्य मंत्री का संदेश
केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने इस अवसर पर कहा कि श्री रामलला दर्शन योजना केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि आस्था और विश्वास का प्रतीक है। यह योजना समाज के प्रत्येक वर्ग के लिए प्रभु श्रीराम के दर्शन का अवसर प्रदान करती है, जो मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की संवेदनशील सोच और जनकल्याणकारी दृष्टिकोण का स्पष्ट उदाहरण है।
उन्होंने आगे कहा, “यह योजना न केवल श्रद्धा और आस्था को बढ़ावा देती है, बल्कि यह गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए एक नया सपना सच कर रही है।”
श्रद्धालुओं की भावनाएं
श्रद्धालु इस यात्रा को अपने जीवन का सबसे बड़ा सौभाग्य मानते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त कर रहे थे। बिलासपुर के श्रीकांत गुप्ता, तखतपुर के बलदाऊ गुप्ता, और बिलासपुर निवासी श्रीमती कुवंरिया बाई ने कहा कि मुख्यमंत्री की पहल से उन्हें इस पवित्र यात्रा का अवसर मिला, जो उनके जीवन का अविस्मरणीय क्षण है।
एक श्रद्धालु ने कहा, “यह यात्रा मेरे लिए सपने जैसा है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए यह यात्रा किसी आशीर्वाद से कम नहीं है।”
यात्रा की पूरी व्यवस्था
यह विशेष ट्रेन श्रद्धालुओं के लिए अयोध्या आने-जाने, ठहरने, मंदिर दर्शन, नाश्ता, और भोजन की संपूर्ण व्यवस्था प्रदान कर रही है। यात्रा के दौरान, श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए टूर एस्कॉर्ट, सुरक्षा कर्मी, और चिकित्सक दल भी उनके साथ रहेगा।
इस योजना का उद्देश्य धार्मिक यात्रा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सम्मानजनक बनाना है, ताकि अधिक से अधिक लोग प्रभु श्रीराम के दर्शन कर सकें।