Korba News
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे ने लोगों को झकझोर दिया। उरगा थाना क्षेत्र के कुदुरमाल भाटापारा स्थित धनराज पेट्रोल पंप के पास तेज रफ्तार ट्रेलर ने सड़क किनारे मौजूद मवेशियों के झुंड को कुचल दिया। इस भीषण दुर्घटना में 6 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए।
कैसे हुआ हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गुरुवार सुबह एक ट्रेलर तेज गति से कुदुरमाल की ओर जा रहा था। उसी दौरान धनराज पेट्रोल पंप के पास कुछ मवेशी सड़क पार कर रहे थे, जबकि कुछ सड़क किनारे खड़े थे। तेज रफ्तार के कारण चालक समय पर वाहन को नियंत्रित नहीं कर सका और ट्रेलर सीधे मवेशियों के झुंड में घुस गया।
टक्कर इतनी जोरदार थी कि कई मवेशी दूर तक उछल गए और छह ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। दो अन्य मवेशी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनका बाद में उपचार शुरू कराया गया।
चालक भागने लगा, ग्रामीणों ने नहीं छोड़ा
हादसे के तुरंत बाद ट्रेलर चालक वाहन लेकर मौके से फरार होने की कोशिश करने लगा। लेकिन आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तुरंत उसका पीछा किया और कुछ दूरी पर उसे पकड़ लिया।
ग्रामीणों ने चालक को पुलिस के हवाले कर दिया। लोगों का कहना था कि यदि चालक तेज रफ्तार में वाहन नहीं चला रहा होता, तो इतनी बड़ी दुर्घटना टाली जा सकती थी।
पुलिस ने शुरू की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही उरगा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात का जायजा लिया। पुलिस ने—
- मृत मवेशियों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
- घायल मवेशियों के इलाज की व्यवस्था कराई।
- ट्रेलर और चालक को अपने कब्जे में लिया।
- दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी।
पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हादसा केवल तेज रफ्तार के कारण हुआ या चालक की लापरवाही भी इसकी वजह थी।
इलाके में लगा लोगों का जमावड़ा
दुर्घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर पहुंच गए। कुछ समय के लिए सड़क पर आवागमन भी प्रभावित रहा। पुलिस ने लोगों को समझाइश देकर स्थिति को सामान्य कराया और यातायात बहाल कराया।
सड़क सुरक्षा पर उठे सवाल
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने ग्रामीण क्षेत्रों से गुजरने वाले भारी वाहनों की तेज रफ्तार पर रोक लगाने की मांग की है। उनका कहना है कि इस मार्ग पर अक्सर भारी वाहन तेज गति से गुजरते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि आबादी वाले क्षेत्रों और ग्रामीण सड़कों पर भारी वाहनों को निर्धारित गति सीमा का पालन करना चाहिए। वहीं पशुपालकों को भी मवेशियों को सड़क पार कराते समय अतिरिक्त सतर्कता बरतनी चाहिए।