महासमुंद खाद्य निरीक्षण
महासमुंद में खाद्य सुरक्षा टीम की कार्रवाई
महासमुंद जिले में खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बिना लाइसेंस और पंजीयन वाले ढाबे का औचक निरीक्षण किया। यह कार्रवाई अभिहित अधिकारी श्री उमेश कुमार और अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) पिथौरा के निर्देश पर की गई।
निरीक्षण में खाद्य सुरक्षा अधिकारी श्री शंखनाद भोई और खाद्य निरीक्षक श्री दिव्यांशु देवांगन ने ढाबे में कई नियमों के उल्लंघन पाए।
निरीक्षण में सामने आए उल्लंघन
- ढाबे के कर्मचारियों का मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं था।
- ढाबे की जल परीक्षण रिपोर्ट का संधारण नहीं पाया गया।
- फर्म द्वारा खाद्य अनुज्ञप्ति और पंजीयन के बिना व्यवसाय संचालित किया जा रहा था।
इस पर फर्म संचालक को नोटिस जारी कर बिना लाइसेंस खाद्य कारोबार न करने की चेतावनी दी गई।
ग्रेवी का नमूना जांच हेतु भेजा गया
- विभाग को प्राप्त शिकायत के आधार पर ढाबे से खुली ग्रेवी का विधिक नमूना संकलित किया गया।
- नमूना राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, कालीबाड़ी रायपुर भेजा गया।
- जांच रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नियमों का पालन क्यों जरूरी है?
- खाद्य कारोबार में पंजीयन और अनुज्ञप्ति अनिवार्य हैं।
- मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र कर्मचारियों की स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करता है।
- जल और भोजन की गुणवत्ता जांचना ग्राहकों की सुरक्षा के लिए जरूरी है।
- बिना लाइसेंस चल रहे ढाबे स्वास्थ्य और कानूनी जोखिम दोनों पैदा कर सकते हैं।
विभाग की चेतावनी
खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि:
- बिना लाइसेंस कारोबार करना अपराध है।
- शिकायत मिलने पर तुरंत जांच और कार्रवाई की जाएगी।
- सभी खाद्य कारोबारियों को नियमों का पालन करने और लाइसेंस व पंजीयन सुनिश्चित करने की आवश्यकता है।