दुर्ग/भिलाई: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पुलिस ने चैन स्नैचिंग की वारदातों का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, लेकिन इस गिरोह के चेहरे ने सबको हैरान कर दिया है। गिरफ्तार किए गए आरोपी कोई पेशेवर अपराधी नहीं, बल्कि बीटेक (BTech) इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने वाले एक छात्र और छात्रा हैं, जो कॉलेज में साथ पढ़ते थे। पैसों की जरूरत और शौक पूरे करने के लिए दोनों ने मिलकर अपराध की दुनिया में कदम रख दिया था।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरा सनसनीखेज मामला दुर्ग जिले के सुपेला थाना क्षेत्र का है। पुलिस के अनुसार, इलाके में बुजुर्ग महिलाओं को लगातार निशाना बनाया जा रहा था। पहली घटना 31 जुलाई को प्रियदर्शनी परिसर में हुई, जहां 62 वर्षीय गीता देवी सुबह करीब साढ़े 6 बजे अपने घर के सामने टहल रही थीं। इसी दौरान स्कूटी पर सवार होकर एक युवक और युवती पहुंचे और पीछे बैठे आरोपी ने उनके गले से सोने की चेन झपट ली।
इसके बाद, 20 सितंबर को नेहरू नगर ईस्ट की विद्या विहार कॉलोनी में एक बार फिर इसी अंदाज में वारदात को अंजाम दिया गया, जिसमें निशाना बनने वाली महिला का नाम भी इत्तेफाक से गीता देवी ही था।
सीसीटीवी फुटेज से खुला राज, ऐसे चढ़े पुलिस के हत्थे
लगातार हो रही इन वारदातों से इलाके में सनसनी फैल गई थी। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू किए और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से आरोपियों तक पहुंच गई। पुलिस ने मुख्य आरोपी विक्की नायक और उसकी साथी तरूणा सिन्हा को हिरासत में लेकर जब कड़ाई से पूछताछ की, तो उन्होंने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया।
एएसपी मणिशंकर चंद्रा ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि ये दोनों आरोपी सुबह के वक्त स्कूटी से घूमते थे और मॉर्निंग वॉक पर निकलने वाली अकेली बुजुर्ग महिलाओं को अपना सॉफ्ट टारगेट बनाते थे। वारदात को अंजाम देने का तरीका भी शातिर था—युवती स्कूटी चलाती थी, जबकि युवक पीछे बैठकर चेन झपटता था। अपनी पहचान छिपाने के लिए वे हेलमेट और अलग-अलग कपड़ों का इस्तेमाल करते थे।
पुलिस ने की बरामदगी
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर लूटी गई सोने की चेन का हिस्सा और वारदात में इस्तेमाल की गई स्कूटी को जब्त कर लिया है। दोनों बीटेक छात्रों को गिरफ्तार करने के बाद न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।