आठवें वेतन आयोग की इंतजार कर रहे केंद्रीय कर्मचारियों के बीच रेलवे पेंशनर्स और फैमिली पेंशनर्स के लिए राहत की खबर है। दरअसल, केंद्र सरकार ने महंगाई को देखते हुए डियरनेस रिलीफ (DR) में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दी है। केंद्र सरकार के इस फैसले के बाद रेलवे पेंशनर्स को अब 60% डीआर मिलेगा, जो पहले 58% मिल रहा था।
बता दें कि यह बढ़ोतरी 1 जनवरी, 2016 से लागू रहेगी, यानी पेंशनर्स को एरियर का फायदा भी मिल सकता है। इस फैसले से लाखों सेवानिवृत रेलवे कर्मचारियों और उनके परिवारों की मंथली इनकम में बढ़ोतरी होगी, जिससे बढ़ती महंगाई में उन्हें थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
रेलवे पेंशनर्स को 2% की रिलीफ
रेल मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार, डियरनेस रिलीफ में बढ़ोतरी का यह फैसला पेंशन एवं पेंशनर्स कल्याण विभाग के 24 अप्रैल 2026 के ऑफिस मेमोरेंडम के आधार पर लागू किया गया है। सरकार की ओर से कहा गया है कि महंगाई दर को देखते हुए पेंशनर्स को अतिरिक्त राहत देना जरूरी था, ताकि उनकी खरीद क्षमता बनी रहे। 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों के अनुसार DR और DA की गणना की जाती है और उसी फॉर्मूले के आधार पर इस बार भी 2% की बढ़ोतरी की गई है।
पेंशनर्स की मंथली आय कितनी बढ़ेगी?
अब पेंशनर्स और उनके परिवार के मन में सवाल उठ रहा होगा कि इस फैसले के बाद उनकी मासिक पेंशन में कितना बदलाव होगा? आइए इसको उदाहरण के जरिए समझते हैं। मान लीजिए, अगर किसी पेंशनर की बेसिक पेंशन 10,000 रुपये है, तो पहले के 58% DR के हिसाब से उसे कुल 15,800 रुपये मिल रहे थे। अब 60% DR लागू होने के बाद उसकी कुल पेंशन 16,000 रुपये हो जाएगी, यानी हर महीने 200 रुपये का अतिरिक्त फायदा मिलेगा। इसी तरह अगर किसी की बेसिक पेंशन 50,000 रुपये है, तो उसे हर महीने करीब 1,000 रुपये ज्यादा मिलेंगे। जितनी अधिक बेसिक पेंशन होगी, उतना ज्यादा फायदा मिलेगा।
| बेसिक पेंशन | 58% DR के बाद पेंशन | 60% DR के बाद पेंशन | मासिक बढ़ोतरी |
| ₹10,000 | ₹15,800 | ₹16,000 | ₹200 |
| ₹20,000 | ₹31,600 | ₹32,000 | ₹400 |
| ₹30,000 | ₹47,400 | ₹48,000 | ₹600 |
| ₹40,000 | ₹63,200 | ₹64,000 | ₹800 |
| ₹50,000 | ₹79,000 | ₹80,000 | ₹1,000 |
| ₹60,000 | ₹94,800 | ₹96,000 | ₹1,200 |
| ₹70,000 | ₹1,10,600 | ₹1,12,000 | ₹1,400 |
सरकार पर बढ़ेगा 6,791 करोड़ का बोझ
सरकार के इस फैसले का असर सिर्फ रेलवे पेंशनर्स तक सीमित नहीं है। केंद्र सरकार के करीब 68 लाख से ज्यादा पेंशनर्स और 50 लाख से अधिक कर्मचारियों को DA और DR बढ़ोतरी का फायदा मिलेगा। वित्त मंत्रालय के अनुसार, इस फैसले से सरकारी खजाने पर सालाना लगभग 6,791 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। हालांकि, सरकार का मानना है कि यह कदम जरूरी है, क्योंकि महंगाई लगातार आम लोगों की जेब पर असर डाल रही है।
पिछले कुछ महीनों में खाने-पीने की चीजों, दवाइयों, ट्रांसपोर्ट और रोजमर्रा के खर्चों में लगातार बढ़ोतरी हुई है। ऐसे में पेंशनर्स, जिनकी आय सीमित होती है, उन्हें सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ता है। DR बढ़ने से उन्हें महंगाई से थोड़ी राहत मिलेगी और मासिक खर्च संभालने में मदद मिलेगी। खासकर बुजुर्ग पेंशनर्स के लिए यह फैसला काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि उनकी आय का बड़ा हिस्सा मेडिकल और घरेलू जरूरतों पर खर्च होता है।
जनवरी 2026 से लागू होगी DR राशि
सरकार की ओर से यह भी साफ किया गया है कि बढ़ी हुई DR राशि जनवरी 2026 से लागू होगी, इसलिए कई पेंशनर्स को एरियर का भुगतान भी मिल सकता है। अब सभी की नजर आगे आने वाले 8वें वेतन आयोग और भविष्य में होने वाली DA-DR बढ़ोतरी पर टिकी हुई है।