“कांकेर में उप निर्वाचन की घोषणा के साथ सख्त हुई आदर्श आचरण संहिता, कलेक्टर ने जारी की बड़ी अपील”

आदर्श आचरण संहिता


उत्तर बस्तर कांकेर में नगरीय निकायों के उप निर्वाचन को लेकर प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने सभी राजनीतिक दलों, अभ्यर्थियों और शासकीय कर्मचारियों से आदर्श आचरण संहिता का कड़ाई से पालन करने की अपील की है।

छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग रायपुर द्वारा नगरपालिका परिषद और नगर पंचायतों में उप निर्वाचन की घोषणा के बाद जिले में चुनावी प्रक्रिया तेज हो गई है। प्रशासन का कहना है कि निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और पारदर्शी चुनाव कराने के लिए नियमों का पालन अनिवार्य होगा।

जिले में लागू हुई आदर्श आचरण संहिता

कलेक्टर ने बताया कि निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार कांकेर जिले के:

  • नगरपालिका परिषद कांकेर
  • नगर पंचायत चारामा
  • नगर पंचायत पखांजूर

क्षेत्रों में आदर्श आचरण संहिता तत्काल प्रभाव से लागू कर दी गई है।

इस आदेश के लागू होते ही सभी राजनीतिक गतिविधियों पर निर्वाचन आयोग की निगरानी शुरू हो गई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की जाएगी।

भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 का प्रयोग

जिला प्रशासन द्वारा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए यह आदेश जारी किया गया है। इसके तहत:

  • सभी राजनीतिक दलों से जुड़े व्यक्तियों को नियमों का पालन करना होगा
  • चुनाव लड़ने वाले सभी अभ्यर्थियों को आयोग के दिशा-निर्देश मानने होंगे
  • शासकीय सेवकों को निष्पक्षता बनाए रखना अनिवार्य होगा

प्रशासन ने कहा है कि निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।

निष्पक्ष चुनाव कराने पर प्रशासन का फोकस

कलेक्टर श्री क्षीरसागर ने कहा कि चुनाव लोकतंत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है और इसे शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। इसके लिए लगातार निगरानी रखी जाएगी।

उन्होंने आम जनता से भी अपील की कि यदि कहीं चुनावी नियमों का उल्लंघन दिखाई दे तो इसकी जानकारी तुरंत प्रशासन को दें।

आदर्श आचरण संहिता के दौरान क्या नहीं कर सकते?

चुनाव के दौरान कई गतिविधियों पर रोक रहती है। इनमें प्रमुख रूप से:

  • सरकारी संसाधनों का राजनीतिक उपयोग
  • बिना अनुमति प्रचार सामग्री लगाना
  • मतदाताओं को प्रभावित करने वाले प्रलोभन देना
  • सार्वजनिक स्थानों पर अवैध सभा या रैली करना

शामिल हैं।

चुनावी माहौल में बढ़ी प्रशासनिक सतर्कता

उप निर्वाचन की घोषणा के साथ ही कांकेर जिले में प्रशासनिक सतर्कता बढ़ा दी गई है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान हर गतिविधि पर नजर रखी जाए ताकि निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित हो सके।

जिले में आदर्श आचरण संहिता लागू होने से अब चुनावी गतिविधियां पूरी तरह निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार संचालित होंगी। प्रशासन ने साफ कहा है कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया की गरिमा बनाए रखने के लिए सभी को नियमों का पालन करना जरूरी है।

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