MP Cabinet Meeting
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसलों पर मुहर लगी। इन निर्णयों का सीधा असर किसानों, सरकारी कर्मचारियों और राज्य के विकास कार्यों पर पड़ने वाला है। बैठक में मंडी टैक्स बढ़ाने से लेकर मेट्रो परियोजना के बजट विस्तार और तबादलों की समय-सीमा तक कई अहम मुद्दों पर फैसला लिया गया।
राज्य सरकार ने जहां कृषि मंडियों से मिलने वाले राजस्व को बढ़ाने का निर्णय लिया है, वहीं कपास उत्पादकों को कुछ राहत भी दी गई है। इसके अलावा सरकारी कर्मचारियों के तबादलों को लेकर भी स्पष्ट संदेश दिया गया है कि निर्धारित समय सीमा के बाद किसी प्रकार की ढील नहीं दी जाएगी।
मंडी टैक्स बढ़ाकर डेढ़ प्रतिशत किया गया
कैबिनेट बैठक में सबसे बड़ा फैसला कृषि उपज मंडियों से जुड़े टैक्स को लेकर लिया गया।
- मंडी टैक्स 1 प्रतिशत से बढ़ाकर 1.5 प्रतिशत किया गया।
- सरकार के अनुसार इससे राज्य को सालाना लगभग 835 करोड़ रुपये अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होगा।
- इस राशि का उपयोग अधोसंरचना विकास और गोसंवर्धन योजनाओं में किया जाएगा।
- सरकार का दावा है कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति मिलेगी।
हालांकि व्यापारियों और किसानों के कुछ वर्गों में इस फैसले को लेकर चर्चा शुरू हो गई है कि इसका असर कृषि कारोबार की लागत पर पड़ सकता है।
कपास किसानों को मिली राहत
जहां मंडी टैक्स बढ़ाया गया है, वहीं कपास उत्पादकों को राहत देने का फैसला भी लिया गया।
- कपास पर लगने वाला मंडी शुल्क घटाया गया।
- प्रति गठान शुल्क 1 रुपये से कम कर 50 पैसे कर दिया गया।
- सरकार का मानना है कि इससे कपास उत्पादकों और व्यापारियों को आर्थिक लाभ मिलेगा।
कपास उत्पादक क्षेत्रों में इस निर्णय को सकारात्मक कदम माना जा रहा है।
मेट्रो परियोजना की लागत में बड़ा इजाफा
कैबिनेट ने मेट्रो रेल परियोजना के लिए अतिरिक्त बजट को भी मंजूरी दी।
- पहले परियोजना की लागत लगभग 6941 करोड़ रुपये थी।
- अब इसे बढ़ाकर 10033 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
- यानी परियोजना लागत में करीब 3000 करोड़ रुपये की वृद्धि की गई है।
- अतिरिक्त राशि का उपयोग निर्माण कार्यों और आधुनिक सुविधाओं के विस्तार में किया जाएगा।
सरकार का कहना है कि मेट्रो परियोजना प्रदेश के शहरी परिवहन को नई दिशा देगी।
ट्रांसफर पर सरकार का सख्त संदेश
सरकारी कर्मचारियों के तबादलों को लेकर भी मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए।
- सभी विभाग 15 जून तक ट्रांसफर प्रक्रिया पूरी करें।
- फिलहाल ट्रांसफर की अंतिम तारीख बढ़ाने का कोई प्रस्ताव नहीं है।
- मंत्रियों को निर्धारित समय में लंबित मामलों का निपटारा करने के निर्देश दिए गए हैं।
इस फैसले से उन कर्मचारियों की उम्मीदों को झटका लग सकता है जो ट्रांसफर अवधि बढ़ने की प्रतीक्षा कर रहे थे।
किसानों को उर्वरक को लेकर जागरूक करने के निर्देश
बैठक में वैश्विक परिस्थितियों और उर्वरकों की उपलब्धता पर भी चर्चा हुई।
- मंत्रियों को किसानों के बीच जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।
- उर्वरकों के संतुलित उपयोग और उपलब्धता पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
- सरकार चाहती है कि किसान समय रहते आवश्यक तैयारियां कर लें।
विकास कार्यों पर रहेगा फोकस
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासन के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर राज्य में विकास गतिविधियों का विशेष अभियान चलाया जाएगा।
- 21 जून तक विभिन्न विकास कार्यक्रम आयोजित होंगे।
- 21 जून से विशेष शिविरों की शुरुआत की जाएगी।
- इन शिविरों में जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी और लाभ वितरण किया जाएगा।