रेत माफियाओं पर प्रशासन का बड़ा प्रहार! 11 वाहन जब्त, खदान का रास्ता भी किया बंद

अवैध रेत उत्खनन

जांजगीर-चांपा जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 11 वाहनों को जब्त किया है। राजस्व, पुलिस और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने केवा (नवापारा) और हाथनेवरा क्षेत्र में औचक जांच अभियान चलाकर यह कार्रवाई की। प्रशासन की इस सख्त कार्रवाई से अवैध रेत कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मच गया है।

जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि रेत के अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण के मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।

संयुक्त टीम की बड़ी कार्रवाई

खनिज विभाग के अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान कई वाहन बिना वैध अनुमति के रेत परिवहन करते पाए गए।

कार्रवाई के प्रमुख बिंदु:

  • कुल 11 वाहन जब्त किए गए।
  • 5 हाईवा वाहन पकड़े गए।
  • 6 ट्रैक्टर जब्त किए गए।
  • अवैध परिवहन में शामिल वाहनों पर कार्रवाई की गई।
  • संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू की गई।

यह कार्रवाई जिले में चलाए जा रहे विशेष अभियान का हिस्सा है।

कहां रखे गए जब्त वाहन?

प्रशासन ने जब्त वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर रखा है ताकि आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा सके।

वाहनों की व्यवस्था:

  • 9 वाहन पुलिस लाइन खोखरा में सुरक्षित रखे गए।
  • 2 ट्रैक्टर थाना नवागढ़ परिसर में जमा किए गए।

अधिकारियों ने बताया कि जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

खदान तक पहुंचने का रास्ता किया बंद

कार्रवाई के दौरान संयुक्त टीम ने नवापारा रेत खदान क्षेत्र का निरीक्षण भी किया।

निरीक्षण के दौरान:

  • रेत खदान के पहुंच मार्ग की पहचान की गई।
  • जेसीबी मशीन की मदद से मार्ग को काटकर अवरुद्ध किया गया।
  • अवैध खनन और परिवहन गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए स्थायी कदम उठाए गए।

प्रशासन का मानना है कि पहुंच मार्ग बंद होने से अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा।

किन धाराओं के तहत होगी कार्रवाई?

जब्त वाहनों और संबंधित मामलों में खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 के तहत कार्रवाई की जा रही है।

प्रमुख कानूनी प्रावधान:

  • धारा 21
  • धारा 22
  • धारा 23(ख)

इन धाराओं के अंतर्गत:

  • आर्थिक दंड लगाया जा सकता है।
  • वाहन जब्त किए जा सकते हैं।
  • दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
  • गंभीर मामलों में अतिरिक्त दंडात्मक प्रावधान लागू हो सकते हैं।

प्रशासन का सख्त रुख

जिले में अवैध खनिज गतिविधियों को रोकने के लिए प्रशासन लगातार निगरानी बढ़ा रहा है।

प्रशासन की प्राथमिकताएं:

  • अवैध उत्खनन पर रोक
  • अवैध परिवहन की निगरानी
  • अवैध भंडारण के खिलाफ कार्रवाई
  • संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित जांच
  • संयुक्त अभियान के माध्यम से नियंत्रण

अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।

कलेक्टर ने दिए कड़े निर्देश

जांजगीर-चांपा कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि जिले में अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण के खिलाफ कार्रवाई को और तेज किया जाए।

उन्होंने कहा कि:

  • कानून का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई हो।
  • नियमित जांच अभियान चलाए जाएं।
  • अवैध खनन से जुड़े नेटवर्क पर नजर रखी जाए।
  • राजस्व और पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वालों को बख्शा न जाए।

अवैध खनन पर लगातार जारी रहेगा अभियान

जांजगीर-चांपा प्रशासन की यह कार्रवाई स्पष्ट संकेत देती है कि जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। प्रशासन का उद्देश्य प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और सरकारी राजस्व की रक्षा करना है।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की सख्त कार्रवाई से अवैध खनन गतिविधियों पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी और नियमों के तहत खनिज संसाधनों का उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा।

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