छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में अपराधियों के हौसले एक बार फिर बुलंद नजर आए। डीडी नगर थाना क्षेत्र में दिनदहाड़े गैस एजेंसी के एक मैनेजर से करीब 10 लाख रुपये की लूट की सनसनीखेज वारदात सामने आई है। बदमाशों ने बीच सड़क पर कार रोककर पहले मारपीट की और फिर नकदी से भरा बैग लेकर फरार हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश के लिए शहरभर में नाकेबंदी कर दी गई है। शुरुआती जांच में यह मामला सुनियोजित लूट का प्रतीत हो रहा है।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, महोबा बाजार निवासी श्रवण साहू टाटीबंध स्थित एक गैस एजेंसी में मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। शनिवार को वे अग्रसेन चौक स्थित कार्यालय से भुगतान की राशि लेकर मुख्य कार्यालय लौट रहे थे।
बताया जा रहा है कि उनके पास लगभग 10 लाख रुपये नकद थे, जिन्हें एक बैग में रखा गया था। जैसे ही वे डगनिया बाजार के पास पहुंचे, बाइक सवार तीन युवकों ने उनकी कार को रोक लिया।
बीच सड़क पर हमला, फिर लूट
प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार, बदमाशों ने पहले श्रवण साहू के साथ मारपीट की और उसके बाद कार के अंदर रखा नकदी से भरा बैग छीन लिया।
वारदात की प्रमुख बातें
- तीन युवक बाइक पर सवार थे।
- सभी आरोपियों ने चेहरे स्कार्फ से ढके हुए थे।
- घटना दिनदहाड़े व्यस्त मार्ग पर हुई।
- लूट की रकम लगभग 10 लाख रुपये बताई जा रही है।
- वारदात के बाद आरोपी तेजी से फरार हो गए।
पूरी घटना कुछ ही मिनटों में अंजाम दी गई, जिससे पीड़ित को संभलने का मौका भी नहीं मिला।
पुलिस जांच में जुटी
घटना की सूचना मिलते ही डीडी नगर थाना पुलिस सक्रिय हो गई। थाना प्रभारी और पुलिस टीम मौके पर पहुंची तथा घटनास्थल का निरीक्षण किया।
पुलिस ने आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ शुरू की और इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है।
जांच के प्रमुख बिंदु
- आरोपियों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज की जांच।
- लूट की पूर्व योजना की संभावना।
- नकदी की जानकारी अपराधियों तक कैसे पहुंची, इसकी जांच।
- घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की पड़ताल।
- तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण।
क्या पहले से थी बदमाशों को जानकारी?
पुलिस इस एंगल पर भी जांच कर रही है कि आरोपियों को नकदी के परिवहन की जानकारी पहले से थी या नहीं।
जिस तरह से अपराधियों ने सही समय और स्थान पर कार को निशाना बनाया, उससे यह आशंका जताई जा रही है कि किसी ने नकदी की जानकारी पहले ही लुटेरों तक पहुंचाई हो सकती है।
शहरभर में नाकेबंदी
घटना के बाद रायपुर के प्रमुख मार्गों और शहर से बाहर जाने वाले रास्तों पर नाकेबंदी की गई है।
पुलिस द्वारा:
- संदिग्ध वाहनों की जांच की जा रही है।
- शहर के एंट्री और एग्जिट पॉइंट्स पर निगरानी बढ़ाई गई है।
- विशेष टीमों का गठन किया गया है।
- तकनीकी सर्विलांस की मदद ली जा रही है।
बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर सवाल
राजधानी में दिनदहाड़े हुई इस बड़ी लूट ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। व्यस्त इलाके में इतनी बड़ी वारदात का होना आम लोगों के बीच चिंता का विषय बन गया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अपराधियों के बढ़ते हौसलों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस को और सख्त कदम उठाने होंगे।